शिवनंदनपुर में सियासी घमासान तेज : मधु जैन की शिकायत पर दूसरी एफआईआर दर्ज, कांग्रेस ने बताया आंदोलन की पहली जीत

शिवनंदनपुर में सियासी घमासान तेज : मधु जैन की शिकायत पर दूसरी एफआईआर दर्ज, कांग्रेस ने बताया आंदोलन की पहली जीत

तीन मांगों में से एक मांग पूरी होने का दावा, आमरण अनशन और क्रमिक भूख हड़ताल खत्म होने की अटकलों को कांग्रेस ने किया खारिज

सूरजपूर/विश्रामपुर(ब्रेकिंग)। कांग्रेस जिला उपाध्यक्ष नरेंद्र जैन पर दर्ज आम्र्स एक्ट मामले को लेकर विश्रामपुर में चल रहा आंदोलन अब बड़े राजनीतिक संघर्ष में बदल चुका है। दूसरे दिन आंदोलन और अधिक उग्र नजर आया, लेकिन देर रात मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया, जब नरेंद्र जैन की पत्नी श्रीमती मधु जैन द्वारा विश्रामपुर थाना में दिए गए आवेदन पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली। पुलिस ने अपराध क्रमांक 0136/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 296 और 351(3) में मामला कायम किया है। एफआईआर भाजयुमो से जुड़े पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मितल पांडेय तथा उसके साथी मुकेश साहू उर्फ छोटू के खिलाफ दर्ज की गई है। इसके बाद कांग्रेस ने इसे आंदोलन की पहली बड़ी सफलता बताते हुए दावा किया कि उनकी तीन प्रमुख मांगों में से एक मांग प्रशासन को माननी पड़ी है।आपको बताते चलें कि धरना स्थल मंगलवार को पूरी तरह राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन में तब्दील दिखाई दिया। तपती धूप और गर्म हवाओं के बीच हजारों कांग्रेस कार्यकर्ता आंदोलन स्थल पर डटे रहे। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव, पूर्व मंत्री अमरजीत भगत और डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम समेत कई वरिष्ठ नेता विश्रामपुर पहुंचे और भाजपा सरकार व पुलिस प्रशासन पर जमकर निशाना साधा।कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि नगर पंचायत चुनाव के बीच विपक्षी नेताओं को दबाने और राजनीतिक माहौल प्रभावित करने के उद्देश्य से कार्रवाई की गई। मंच से भाजपा सरकार पर प्रशासनिक मशीनरी के दुरुपयोग और विपक्ष की आवाज दबाने के आरोप लगाए गए।इधर श्रीमती मधु जैन द्वारा दिए गए आवेदन में आरोप लगाया गया था कि भाजपा कार्यकर्ता मितल पांडेय ने चुनाव में भाजपा प्रत्याशियों की जीत का दावा करते हुए नरेंद्र जैन को उकसाया, कांग्रेस का प्रचार नहीं करने का दबाव बनाया तथा विरोध करने पर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी। बीच-बचाव करने पहुंचीं मधु जैन के साथ भी अभद्र व्यवहार करने और भाजपा सत्ता की धौंस दिखाने का आरोप लगाया गया था।हालांकि कांग्रेस अब भी नरेंद्र जैन पर लगाई गई आम्र्स एक्ट की धारा हटाने और विश्रामपुर थाना प्रभारी को निलंबित करने की मांग पर डटी हुई है। मंगलवार शाम ठीक 6 बजे पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव आमरण अनशन पर बैठ गए, जबकि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज और अन्य कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने क्रमिक भूख हड़ताल शुरू कर दी थी।वहीं दूसरी तरफ अपुष्ट सूत्रों की मानें तो मधु जैन की शिकायत पर अपराध दर्ज होने के बाद आमरण अनशन और क्रमिक भूख हड़ताल समाप्त किए जाने को लेकर चर्चाएं तेज हो गई थीं, लेकिन कांग्रेस नेताओं ने इन अटकलों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। कांग्रेस का कहना है कि जब तक बाकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा। हालांकि समाचार लिखे जाने तक प्रशासनिक स्तर पर आंदोलनकारियों और वरिष्ठ अधिकारियों के बीच बातचीत की संभावना बनी हुई बताई जा रही थी।प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने पुलिस कार्रवाई को सत्ता के दबाव में लिया गया फैसला बताते हुए कहा कि सामान्य विवाद को राजनीतिक कारणों से गंभीर मामले में बदला गया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि विपक्ष की आवाज दबाने की कोशिश जारी रही तो प्रदेश के हर थाने के सामने कांग्रेस प्रदर्शन करेगी।कुलमिलाकर विश्रामपुर और शिवनंदनपुर में लगातार बढ़ती राजनीतिक हलचल, कांग्रेस के आक्रामक तेवर और भाजपा पर लग रहे आरोपों के बीच अब सबकी नजरें प्रशासन की अगली कार्रवाई और आंदोलन की आगामी रणनीति पर टिकी हुई हैं।