नशे की जंजीरों पर सूरजपुर पुलिस का वार, रेलवे स्टेशन से 75 हजार के नशीले इंजेक्शन के साथ युवक गिरफ्तार
सूरजपुर।जिले में युवाओं को नशे की गिरफ्त में धकेलने वाले कारोबारियों के खिलाफ सूरजपुर पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। इसी कड़ी में बसदेई चौकी पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए रेलवे स्टेशन के बाहर एक युवक को भारी मात्रा में नशीले इंजेक्शन के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में फैल रहे नशे के अवैध कारोबार पर एक बड़ा प्रहार माना जा रहा है।डीआईजी एवं एसएसपी आईपीएस प्रशांत कुमार ठाकुर के निर्देश पर जिलेभर में नशे के सौदागरों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। थाना और चौकी स्तर पर लगातार वाहन चेकिंग और संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी रखी जा रही है।
इसी दौरान 13 मई 2026 को चौकी बसदेई पुलिस रोड पेट्रोलिंग करते हुए सूरजपुर रोड रेलवे स्टेशन पहुंची थी। अंबिकापुर-दुर्ग ट्रेन के आने के समय पुलिस स्टेशन परिसर और बाहर यात्रियों से पूछताछ कर रही थी। तभी स्टेशन के बाहर हाथ में झोला लिए खड़ा एक व्यक्ति पुलिस को देखकर अचानक घबराकर भागने लगा। उसकी हरकत संदिग्ध लगने पर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया।
पूछताछ में उसने अपना नाम मदनेश्वर प्रसाद पिता स्वर्गीय रामरतन, उम्र 35 वर्ष, निवासी ग्राम सोनपुर चौकी बसदेई बताया। जब उसके झोले की तलाशी ली गई तो उसमें से 50 नग एविल इंजेक्शन और 50 नग रेक्सोजेसिक इंजेक्शन सहित कुल 100 नशीले इंजेक्शन बरामद हुए। जब्त इंजेक्शनों की कीमत लगभग 75 हजार रुपये बताई गई है।आरोपी ने पूछताछ में खुलासा किया कि उसे एक व्यक्ति द्वारा 20 हजार रुपये देकर नशीले इंजेक्शन लाने भेजा गया था। वह मध्यप्रदेश के एक जिले के मेडिकल स्टोर से इंजेक्शन खरीदकर वापस लौट रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 320/2026 के तहत धारा 21(सी) एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। मामले में अन्य लोगों की तलाश भी जारी है।इस कार्रवाई में चौकी प्रभारी योगेन्द्र जायसवाल, महिला प्रधान आरक्षक अलका टोप्पो, देवदत्त दुबे, आदित्य यादव, अशोक केंवट एवं निलेश जायसवाल की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वहीं दूसरी तरफ समाज में फैलता नशा केवल कानून व्यवस्था की चुनौती नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के भविष्य पर भी गहरा खतरा है। ऐसे में पुलिस की यह कार्रवाई उन परिवारों के लिए उम्मीद की किरण बनकर सामने आई है, जो अपने बच्चों को नशे की दलदल से दूर सुरक्षित भविष्य देना चाहते हैं।