रामानुजनगर में पहली बार सजा सावन का श्रृंगार मेला, सोनम साहू बनीं सावन क्वीन

रामानुजनगर में पहली बार सजा सावन का श्रृंगार मेला, सोनम साहू बनीं सावन क्वीन

रामानुजनगर। सावन की फुहारों के बीच जब महिलाएं हरे रंग की चूड़ियों, मेहंदी और पारंपरिक श्रृंगार से सजीं तो रामानुजनगर का होटल अन्नपूर्णा परिसर मानो गांव-घर के सावन की पुरानी यादों से खिल उठा। पहली बार आयोजित सावन श्रृंगार मेला में क्षेत्र की सैकड़ों महिलाओं ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया। गीत, नृत्य, मेहंदी और पारंपरिक वेशभूषा ने पूरे आयोजन को लोक संस्कृति के रंगों से भर दिया।कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने में श्रीमती नूतन सिंह तथा आयोजन को अंतिम रूप देने में श्रीमती प्रतिमा द्विवेदी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। महिलाओं ने सावन सुंदरी, मेहंदी सहित विभिन्न प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। खास बात यह रही कि आयोजन में उम्र और गांव की सीमाएं पीछे छूट गईं और महिलाएं एक-दूसरे के साथ सावन की खुशियां बांटती नजर आईं।प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर ग्राम पंचायत नारायणपुर की श्रीमती सोनम साहू को सावन क्वीन चुना गया। वहीं रामानुजनगर की श्रीमती आरती साहू फर्स्ट रनर अप और सूरजपुर की श्रीमती चांदनी सेकंड रनर अप रहीं।सावन क्वीन का खिताब मिलने के बाद सोनम साहू ने कहा कि यह आयोजन केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं रहा, बल्कि हमारी संस्कृति और परंपराओं को एक मंच पर लाने का अवसर बना। महिलाओं ने जिस आत्मविश्वास और उत्साह से भागीदारी की, वह इस आयोजन की सबसे बड़ी खूबसूरती रही।मेले में कहीं सावन गीतों की मिठास सुनाई दी तो कहीं नृत्य की थिरकन ने माहौल में रंग भर दिया। हाथों में रची मेहंदी और पारंपरिक परिधानों में सजी महिलाएं एक-दूसरे के साथ तस्वीरें खिंचवाती और सावन की खुशियां साझा करती रहीं। लंबे समय बाद ऐसा अवसर मिला, जहां महिलाओं ने घरेलू जिम्मेदारियों से कुछ पल निकालकर अपने लिए भी उत्सव का हिस्सा बनने का आनंद लिया।आयोजकों के अनुसार, ऐसे आयोजनों का उद्देश्य महिलाओं को अपनी प्रतिभा, रचनात्मकता और आत्मविश्वास दिखाने के लिए मंच देना है। साथ ही लोक संस्कृति से जुड़ी परंपराओं को अगली पीढ़ी तक पहुंचाना भी इसका अहम उद्देश्य है। रामानुजनगर में पहली बार आयोजित सावन श्रृंगार मेला इसी दिशा में एक सुंदर पहल के रूप में सामने आया, जिसने सावन की परंपरा को उत्सव और आपसी मेल-जोल से जोड़ दिया।