हर घर की पहचान, विकास की नई उड़ान:जनगणना 2027 के प्रथम चरण पर कलेक्टर की पैनी नजर
सूरजपुर।जनगणना 2027 के प्रथम चरण मकानसूचीकरण को लेकर कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में कलेक्टर एस. जयवर्धन ने प्रशासनिक अमले को स्पष्ट संदेश दिया कि हर घर की सही गिनती ही विकास की मजबूत नींव है।बैठक में जिले के समस्त चार्ज अधिकारियों, पर्यवेक्षकों एवं प्रगणकों के साथ जनगणना से जुड़े सभी बिंदुओं की बारीकी से समीक्षा की गई तथा आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।जिले में मकानसूचीकरण का कार्य 1 मई 2026 से 30 मई 2026 तक संचालित किया जाएगा। इस दौरान एचएलओ ऐप के माध्यम से डिजिटल डेटा एंट्री की जाएगी, जिससे पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी एवं त्रुटिरहित सुनिश्चित हो सके।
ब्लॉक गठन एवं सीमांकन पर विशेष जोर
कलेक्टर ने मकानसूचीकरण ब्लॉक (एचएलबी) के गठन एवं सीमांकन की गुणवत्ता पर विशेष बल देते हुए निर्देशित किया कि एचएलबीसी पोर्टल (गूगल मैप आधारित) पर किसी भी प्रकार की ओवरलैपिंग अथवा किसी भी घर का छूटना नहीं होना चाहिए। सभी प्रविष्टियां पूर्ण एवं सटीक रहें, यह सुनिश्चित किया जाए।
व्यापक जनजागरूकता के निर्देश
जनगणना कार्य के सफल क्रियान्वयन हेतु कलेक्टर ने जिले में व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए। ग्रामीण क्षेत्रों में मुनादी के माध्यम से तथा नगरीय क्षेत्रों में प्रचार वाहन एवं अन्य माध्यमों से जनगणना के महत्व की जानकारी आमजन तक पहुंचाई जाएगी।साथ ही, सार्वजनिक एवं भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर भी प्रभावी प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि प्रत्येक नागरिक इस महत्वपूर्ण प्रक्रिया से जुड़ सके।
जनगणना: विकास की दिशा तय करने वाला आधार
यह मकानसूचीकरण केवल आंकड़ों का संकलन नहीं, बल्कि आने वाले समय में शासन की योजनाओं, संसाधनों एवं नीतियों की दिशा निर्धारित करने का आधार है।कलेक्टर की सख्ती और सजगता से स्पष्ट है कि सूरजपुर जिले में जनगणना 2027 को पूरी गंभीरता, पारदर्शिता और जनहित की भावना के साथ संपन्न करने की तैयारी की जा रही है।