चार माह में उजड़ गया नवविवाहिता का संसार, इलाज के दौरान वर्षा की मौत; ससुराल पर प्रताड़ना का आरोप
अम्बिकापुर। शादी को अभी चार महीने ही हुए थे, जिंदगी को लेकर सपने सजाए जा रहे थे, लेकिन अचानक सब कुछ मातम में बदल गया। सूरजपुर के प्रगतिनगर निवासी 20 वर्षीय वर्षा यादव की मंगलवार सुबह मिशन अस्पताल अंबिकापुर में इलाज के दौरान मौत हो गई। 17 सितंबर को चूहामार दवा खाने के बाद उसे गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया था। बेटी की मौत के बाद पिता ने ससुराल पक्ष पर प्रताड़ना और मारपीट के आरोप लगाए हैं।वर्षा यादव की शादी मई 2026 में मैनपाट के लुरैना निवासी अजय यादव से हुई थी। वह बिश्रामपुर स्थित कॉलेज में पढ़ाई कर रही थी। मृतका के पिता उमेश यादव के अनुसार, 15 सितंबर को बेटी ने फोन कर बताया था कि उसका पति पेट पर चढ़कर गला दबा रहा है। इसके दो दिन बाद 17 सितंबर को वर्षा ने व्हाट्सएप पर पिता को संदेश भेजा, पापा, मैं नहीं जी सकती, सुकून से मरने दीजिए।इसी दिन अजय यादव ने फोन कर बताया कि वर्षा ने चूहामार दवा खा ली है और उसे मिशन अस्पताल ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही परिजन अस्पताल पहुंचे, जहां वर्षा को आईसीयू में भर्ती कर उपचार दिया जा रहा था। पिता का कहना है कि 19 सितंबर को बेटी ने बातचीत के दौरान ससुराल वालों के व्यवहार को लेकर शिकायत की थी।मंगलवार सुबह उपचार के दौरान वर्षा ने दम तोड़ दिया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। मृतका के पिता के आरोपों और परिजनों के बयान के आधार पर पुलिस मामले की जांच कर रही है। घटना के वास्तविक कारणों और आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।