मुख्यमंत्री सचिवालय के पत्र पर सियासी सरगर्मी तेज....
सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया को बेवजह दिया जा रहा राजनीतिक रंग- विकास दुबे
सूरजपुर ।जिले की राजनीति इन दिनों कुछ इस तरह करवटें बदल रही है मानो मौसम हर सुबह नया मिजाज लेकर लौट रहा हो। प्रेमनगर विधायक भूलन सिंह मरावी के जन्मदिवस कार्यक्रम से जुड़ा वायरल वीडियो अब जिलेभर में राजनीतिक चर्चा का बड़ा केंद्र बन चुका है। कार्यक्रम में शासकीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों की मौजूदगी को लेकर उठे सवालों के बीच मुख्यमंत्री सचिवालय से सूरजपुर कलेक्टर को भेजे गए पत्र ने भी सियासी हलचल को और तेज कर दिया है। गांव की चौपालों से लेकर शहर के राजनीतिक गलियारों तक इसी मुद्दे पर चर्चाओं का दौर जारी है।जानकारी के अनुसार एक आरटीआई कार्यकर्ता द्वारा मुख्यमंत्री सचिवालय को शिकायत भेजी गई थी। शिकायत में विधायक के जन्मदिन कार्यक्रम के दौरान कुछ अधिकारियों एवं कर्मचारियों की मंचीय उपस्थिति तथा कार्यक्रम से जुड़ी गतिविधियों में सहभागिता पर आपत्ति जताई गई थी। साथ ही इसे सिविल सेवा आचरण नियमों से जोड़ते हुए आवश्यक कार्यवाही की मांग की गई थी। बताया जा रहा है कि इसी शिकायत के परीक्षण के लिए मुख्यमंत्री सचिवालय द्वारा कलेक्टर सूरजपुर से प्रतिवेदन मांगा गया है। हालांकि वायरल हो रहे पत्रों और तस्वीरों की आधिकारिक पुष्टि सार्वजनिक रूप से अभी तक सामने नहीं आई है, लेकिन पूरे घटनाक्रम ने राजनीतिक वातावरण को गर्म जरूर कर दिया है।इसी बीच भाजपा मंडल रामानुजनगर के कोषाध्यक्ष विकास दुबे ने पूरे मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कुछ लोग सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया को जानबूझकर राजनीतिक रंग देने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शासन स्तर पर किसी शिकायत पर प्रतिवेदन मंगाना एक सामान्य प्रक्रिया होती है, लेकिन इसे लेकर अनावश्यक भ्रम फैलाया जा रहा है।विकास दुबे ने कहा कि मुख्यमंत्री सचिवालय के पत्र का अवलोकन करने पर स्पष्ट होता है कि केवल शिकायत के परीक्षण और आवश्यक कार्यवाही के लिए पत्राचार किया गया है। पत्र में कहीं भी किसी अधिकारी अथवा जनप्रतिनिधि को दोषी ठहराते हुए प्रत्यक्ष कार्रवाई का कोई उल्लेख नहीं है। लोकतांत्रिक व्यवस्था में प्रत्येक नागरिक को शिकायत करने का अधिकार है और शासन का दायित्व है कि वह प्राप्त शिकायतों का परीक्षण करवाए।उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग इस सामान्य प्रक्रिया को राजनीतिक विवाद का रूप देकर विधायक भूलन सिंह मरावी की छवि प्रभावित करने का प्रयास कर रहे हैं। विकास दुबे ने कहा कि विधायक भूलन सिंह मरावी लगातार क्षेत्र की जनता के बीच सक्रिय रहने वाले जनप्रतिनिधि हैं। शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल, गरीब कल्याण तथा ग्रामीण विकास जैसे मुद्दों पर उनकी सक्रियता के कारण क्षेत्र में विकास की नई पहचान बनी है। यही कारण है कि उनके जन्मदिन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आम नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी तथा विभिन्न वर्गों के लोग स्वेच्छा से शामिल हुए थे।उन्होंने कहा कि विधायक का सहज व्यक्तित्व और जनता के प्रति आत्मीय व्यवहार ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है। क्षेत्र की जनता उन्हें केवल जनप्रतिनिधि नहीं बल्कि परिवार के सदस्य की तरह मानती है। लोगों के सुख-दुख में शामिल रहने की उनकी कार्यशैली ने जनता के बीच गहरा विश्वास कायम किया है। यही बढ़ता जनसमर्थन कुछ राजनीतिक लोगों को असहज कर रहा है, जिसके चलते ऐसे मुद्दों को हवा दी जा रही है।विकास दुबे ने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री की कार्यशैली सदैव पारदर्शिता और सुशासन पर आधारित रही है। किसी भी शिकायत पर परीक्षण करवाना शासन की सामान्य प्रशासनिक प्रक्रिया है। इसे किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ कठोर कार्रवाई के रूप में प्रचारित करना उचित नहीं कहा जा सकता। उन्होंने विश्वास जताया कि वास्तविक तथ्य सामने आने के बाद फैलाया जा रहा भ्रम स्वतः समाप्त हो जाएगा और विधायक भूलन सिंह मरावी के प्रति जनता का विश्वास और अधिक मजबूत होकर सामने आएगा।